LPG Cylinder Ration Card Rules: सरकार ने किया राशन कार्ड में बड़ा बदलाव! इस रंग के राशन कार्ड पर सिर्फ 450 रुपये में मिलेगा गैस सिलेंडर। भारत सरकार देशवासियों के लिए विभिन्न योजनाएं चलाती है, जिनका लाभ समाज के अलग-अलग वर्गों के लोगों तक पहुँचता है। ये योजनाएं मुख्य रूप से गरीब और जरूरतमंद लोगों के हितों को ध्यान में रखकर बनाई जाती हैं।
आज भी देश में कई ऐसे लोग हैं, जो अपनी बुनियादी जरूरतें जैसे दो समय के भोजन का प्रबंध करने में सक्षम नहीं हैं। सरकार इन जरूरतमंद लोगों को कम दाम पर राशन उपलब्ध कराती है। इसके लिए देश के विभिन्न राज्यों में राज्य सरकारों द्वारा राशन कार्ड जारी किए जाते हैं। राशन कार्ड धारकों को सस्ता राशन ही नहीं, बल्कि अन्य सरकारी सुविधाएं भी प्रदान की जाती हैं।

नेशनल फूड सिक्योरिटी एक्ट के तहत मिलेगा लाभ
अब एक नई पहल के तहत, कुछ राज्यों में राशन कार्ड धारकों को सिर्फ 450 रुपये में गैस सिलेंडर दिया जाएगा। सरकार ने इस संबंध में नियमों में बदलाव किया है। राजस्थान में राशन कार्ड धारकों के लिए सस्ते सिलेंडर की योजना शुरू की गई है। नेशनल फूड सिक्योरिटी एक्ट (NFSA) के तहत राशन कार्ड धारकों को सस्ते दाम पर राशन दिया जाता है। अब इसी एक्ट के तहत, सरकार कम कीमत पर गैस सिलेंडर भी प्रदान करेगी।
LPG Cylinder Ration Card Rules
राजस्थान सरकार की ओर से पहले केवल उज्ज्वला योजना के तहत लाभार्थी परिवारों को ही 450 रुपये में गैस सिलेंडर उपलब्ध कराया जाता था। लेकिन अब राज्य सरकार ने राशन कार्ड धारकों को भी इस योजना का लाभ देने का फैसला किया है। इसके लिए राशन कार्ड धारकों को अपने राशन कार्ड को एलपीजी आईडी से जोड़ना अनिवार्य होगा। तभी वे इस योजना का लाभ प्राप्त कर सकेंगे।

68 लाख परिवारों को होगा लाभ
राजस्थान में वर्तमान में 1,07,35,000 से अधिक परिवार राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम (NFSA) की सूची में शामिल हैं। इनमें से 37 लाख परिवारों को पहले से ही बीपीएल और उज्ज्वला योजना के तहत लाभ दिया जा रहा है। अब सरकार के इस निर्णय से शेष 68 लाख परिवारों को लाभ मिलेगा। नए नियमों के अनुसार, राशन कार्ड धारकों को गैस सिलेंडर केवल 450 रुपये में मिलेगा।
ई-केवाईसी प्रक्रिया अनिवार्य
इस योजना का लाभ उठाने के लिए राशन कार्ड धारकों को ई-केवाईसी प्रक्रिया पूरी करनी होगी। यानी, उन्हें न केवल अपने राशन कार्ड को एलपीजी आईडी से लिंक कराना होगा, बल्कि आधार कार्ड को भी पुनः लिंक करना होगा। यह प्रक्रिया पूरी करने के बाद ही योजना का लाभ प्राप्त किया जा सकेगा।